कोरबा में आईजी का एक्शन विजिट, पुलिसिंग में पारदर्शिता और सख्ती पर फोकस

कोरबा में आईजी का एक्शन विजिट, पुलिसिंग में पारदर्शिता और सख्ती पर फोकस
  जन सुरक्षा,तकनीक और त्वरित न्याय व्यवस्था को मिला नया बल
      विष्णु कुमार यादव जिला ब्यूरो
कोरबा (सुघर गांव)। 04 फरवरी 2026,
बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग के कोरबा प्रवास के दौरान पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभाकक्ष में उच्च स्तरीय क्राइम मीटिंग आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कटघोरा नीतिश ठाकुर सहित जिले के तीनों अनुभागों के अनुविभागीय अधिकारी पुलिस तथा समस्त थाना व चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। बैठक में आईजी ने अपराध नियंत्रण, जनसुरक्षा और पुलिसिंग व्यवस्था को मजबूत बनाने कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए।
        बीट सिस्टम को प्रभावी बनाने पर जोर
आईजी ने निर्देशित किया कि बीट प्रणाली को और अधिक मजबूत एवं सक्रिय बनाया जाए,जिससे पुलिस और आम जनता के बीच सीधा संपर्क स्थापित हो और स्थानीय स्तर पर अपराधों की रोकथाम सुनिश्चित की जा सके।
 जनता की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश 
उन्होंने कहा कि आम नागरिकों की शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए तत्काल कार्रवाई की जाए,ताकि जनता का पुलिस पर विश्वास और मजबूत हो सके।
चोरी एवं संपत्ति संबंधी अपराधों में तत्काल FIR दर्ज करने के निर्देश 
आईजी गर्ग ने स्पष्ट निर्देश दिए कि चोरी या संपत्ति से जुड़े मामलों में घटना के दिन ही FIR दर्ज की जाए, जिससे अपराधियों पर त्वरित कार्रवाई संभव हो सके। संपत्ति अपराधों की त्वरित विवेचना पर विशेष बल
 उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संपत्ति संबंधी अपराधों में जल्द विवेचना कर आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाया जाए।
संगठित अपराधों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई के निर्देश
आईजी ने कहा कि संगठित गिरोह द्वारा किए जाने वाले अपराधों में संगठित अपराध की धाराएं जोड़कर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए,जिससे अपराधियों में भय का माहौल बने।
  थाना प्रभारियों को स्वयं शिकायत सुनने के निर्देश
 उन्होंने थाना प्रभारियों को निर्देशित किया कि वे स्वयं फरियादियों की शिकायत सुनकर FIR दर्ज करें, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़े।
तकनीक आधारित पुलिसिंग को बढ़ावा देने की पहल
 क्राइम मीटिंग के पश्चात आईजी ने “सशक्त मोबाइल ऐप” का विमोचन किया, जो चोरी हुए वाहनों की पतासाजी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
  सशक्त मोबाइल ऐप के नियमित उपयोग के निर्देश 
आईजी ने सभी पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि वे इस ऐप का नियमित उपयोग करें, जिससे लावारिस वाहनों की पहचान कर चोरी हुए वाहनों की बरामदगी को तेज किया जा सके। 
आईजी रामगोपाल गर्ग ने कहा कि - आधुनिक तकनीक और जनसहभागिता के माध्यम से पुलिसिंग को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाया जाएगा। कोरबा पुलिस द्वारा अपराध नियंत्रण और जन सुरक्षा को मजबूत बनाने ऐसे प्रयास आगे भी निरंतर जारी रखने की बात कही गई।

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