कोरबा कोतवाली पुलिस के द्वारा फर्जी प्रकरण में फंसाने के मामले पर CG मुख्यमंत्री से जांच व निष्पक्ष कार्यवाही की मांग.

कोरबा कोतवाली पुलिस ने झूठे प्रकरण में फंसाने के मामले पर CG मुख्यमंत्री से जांच व निष्पक्ष कार्यवाही की मांग : एडवोकेट दिलीप मिरी.



क्राइम रिपोर्ट: जावेद अली आज़ाद, ब्यूरो छत्तीसगढ़

कोरबा(सुघर गांव)। जिले में निवासरत एक वरिष्ठ नागरिक जो की समाज और जनहित के कार्यकर्ता और वर्तमान में जिला सत्र न्यायालय कोरबा में सेवा दे रहे एडवोकेट दिलीप कुमार मिरी को पुलिस कप्तान के मार्गदर्शन में कोरबा कोतवाली थाना के टी आई ने एफआईआर दर्ज करते हुए आपराधिक धारा में संलिप्प्त किया गया है। जिसकी शिकायत के लिए कोरबा कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन जारी करते हुए संबंधित जिले के दबंग पुलिस अधिकारियों तथा फर्जी केस के षड्यंत्रकर्ता पुरानी बस्ती में निवासरत शत्रुघन राजपूत के नाम से शिकायत, जांच व कड़ी कार्रवाई करने की मांग की गई है।


यह मामला एक गंभीर, संवेदनशील और कानूनी व्यवस्था से संबंधित विषय है अधिवक्ता दिलीप मिरी के विरुद्ध लगातार फर्जी, मनगढ़ंत एवं आधारहीन प्रकरण रचाए जा रहे हैं, इस पूरे षड्यंत्र में स्थानीय स्तर पर

कुछ  भू माफियों और असामाजिक तत्वों तथा पुलिस अधिकारियों की मिलीभगत से राजनेताओं के इशारों पर इस फर्जी केस को दर्ज करवाया गया है।



1. दिलीप मिरी के घर में घुसकर गाली गलौच एवं भय फैलाने की घटना शत्रुहन सिंह राजपूत तथा उसके साथ आए 15-20 द्वारा दिलीप मिरी के घर में जबरन घुसकर गंदी गंदी गालियाँ

देने, परिवारजनों को धमकाने के संबंध में मानसिक व सामाजिक रूप से प्रताड़ित करने का सुनियोजित प्रयास किया गया।

2. पुलिस द्वारा शत्रुघन सिंह राजपूत को दिया गया है संरक्षण, बार बार शिकायतो के बावजूद स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा शत्रुघन सिंह राजपूत के विरूद्ध कोई कठोर कार्यवाही न करना, उसकी हर गलत गतिविधियों को नजरअंदाज कर उल्टे समाज सेविंकों पर ही फर्जी प्रकरण थोपना,पुलिस द्वारा आरोपियों को संरक्षण दिया जा रहा है। यह स्थिति कानूनी व्यवस्थाओ और न्यायिक प्रक्रिया दोनों के लिए अत्यंत घातक है।

3. दिनांक 14.11.2025 को पुलिस थाना कोतवाली में शत्रुघन सिंह राजपूत के कहने पर पूरी तरह मनगढंत, झूठी और तथ्याहीन एफ.आई.आर. दर्ज की गई। जबकि दिनांक 07.11.2025 को  कोरबा कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत किया गया था। बावजूद बिना जांच किए एक पक्षीय कार्यवाही किया गया। 

दादर संबंधित क्षेत्र व मानिकपुर के पार्षद ने कोरबा एसडीएम और पटवारी को शत्रुघन सिंह राजपूत की काली करतूतों संबंधी लिखित शिकायत भेजी थी। जिसमें संबंधित सरकारी भूमि को चिन्हांकित कर शासकीय भूमि घोषित किया गया।

4. छत्तीसगढ़ स्थापना दिवस पर छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना द्वारा दिनांक 01.11.2025 को चिन्हांकित शासकीय भूमि पर वृक्षारोपण कार्यक्रम किया गया। जिसमें भूमाफियाओं के द्वारा बाधा पहुंचाई गई। 

5. जिले के जनहित में कार्य कर रहे अधिवक्ता एवं जनप्रतिनिधियों को प्रताड़ित करने वाली किसी भी गतिविधि पर कठोर प्रतिबंध लगानें हेतु पुलिस प्रशासन को विशेष दिशा निर्देश जारी किए जाए। निर्दोष व्यक्तियो को न्याय मिले, उचित कार्यवाही करने की मुख्यमंत्री से अपील है।





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